अलीगढ़, नवम्बर 19 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। देहलीगेट क्षेत्र में पिछले माह नकली की करंसी के साथ पकड़े गए कासगंज के आरोपी की जमानत अर्जी एडीजे तृतीय संजीव कुमार यादव की अदालत ने रद्द कर दी। 24 अक्टूबर की रात को खैर अड्डा स्थित जनसेवा केंद्र पर एक व्यक्ति एक लाख रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कराने आया था। उसने फोन पे का क्यूआर कोड दिया। बदले में असली की तरह दिखने वाले 500-500 रुपये के नकली नोट दिए। संचालक ने पड़ोसी दुकानदार की मदद से आरोपी कासगंज के थाना गंजडुंडवारा क्षेत्र के मोहल्ला गणेशपुर बाग निवासी जिकरुल हसन उर्फ रॉकी को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। उसके पास से दो लाख 17 हजार रुपये के 500 के 434 नकली नोट मिले थे। पूछताछ में पता चला कि आरोपी पहले भी नकली नोटों की तस्करी में जेल जा चुका है। 10 दिन पहले ही जेल से छूटकर आया और फिर से य...