मधुबनी, जून 19 -- रहिका, निज संवाददाता । प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय मधुबनी सेवा केन्द्र की ओर से श्रीमद भागवत गीता ज्ञान प्रवचनमाला श्रवण करने एवं द्वादश ज्योतिर्लिंगों के दर्शन करने को लेकर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। सात दिवसीय भागवत कथा के पांचवें दिन भागवताचार्य राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी कंचन दीदी ने कही कि महाभारत युद्ध में योद्धा अर्जुन को मोह ने मन को ग्रसित कर लिया था। भगवान श्री कृष्ण ने अर्जुन की स्थिति को देखते हुए उन्हें दिव्य ज्ञान देने के लिए कौरवों एवं पांडवों सेना के मध्य रथ लेकर पहुंचे। अर्जुन को मोह मन से हटाने के लिए भगवान श्री कृष्ण ने शरीर के संबंध तथा आत्मा और परमात्मा के कर्तव्य के बारे में जानकारी दी। अर्जुन ने भगवान से प्रार्थना करते हुए अनेकों प्रश्न पूछे। भगवान ने कहा कि शरीर का विनाश निश्चित...
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