संभल, जुलाई 2 -- जिले में लगातार दो दिन तक रुक-रुक कर हुई झमाझम बारिश के बाद मंगलवार को मौसम ने करवट ली। सुबह तक जहां आसमान में बादलों का डेरा था और हल्की फुहारें भी पड़ीं, वहीं उसके बाद तेज धूप और उमस ने लोगों को बेहाल कर दिया। गर्मी भरी दोपहर में आम जनजीवन प्रभावित रहा, लेकिन खेतों में पड़ी मक्का की फसल के लिए यह धूप वरदान साबित हुई। बारिश से भीगी मक्का की फसल को सड़ने से बचाने के लिए जिलेभर के किसान खासकर खिरनी गांव के आसपास के लोग गंगा एक्सप्रेस वे किनारे खेतों से मक्का निकाल कर सुखाने में जुट गए। सैकड़ों किसान परिवार सुबह से लेकर शाम तक खुले आसमान के नीचे पसीना बहाते नजर आए। खेतों में पड़ी भीगी मक्का अब तेज धूप की बदौलत धीरे-धीरे सूखने लगी है, जिससे किसानों ने राहत की सांस ली है। मक्का सूखाने में पुरुषों के साथ महिलाएं और बच्चे भी कं...
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