बदायूं, मार्च 22 -- ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत प्रभावी विवेचना और सशक्त पैरवी के चलते स्पेशल पॉक्सो कोर्ट ने नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी जाने आलम उर्फ जैना को फांसी की सजा सुनाई, साथ ही दो लाख 30 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। इस फैसले के बाद आईजी बरेली डॉ. राकेश सिंह ने केस से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। आईजी डॉ. राकेश सिंह ने कहा कि यह निर्णय पुलिस के दृढ़ संकल्प और कानून व्यवस्था को सख्ती से लागू करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस केस में विशेष लोक अभियोजक अमोल जौहरी, वीरेंद्र सिंह वर्मा और प्रदीप भारती की सशक्त पैरवी ने अहम भूमिका निभाई। वहीं, प्रभारी निरीक्षक राजेंद्र सिंह, महिला आरक्षी बबीता सैनी, आरक्षी नीरज कुमार, संजीव कुमार, विक्की कुमार और मनोज ने प्रभावी विवेचना कर अपराधी को स...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.