नई दिल्ली, दिसम्बर 14 -- दिल्ली की हवा एक बार फिर सांसों पर भारी पड़ गई है। जहरीले धुएं और धूल की चादर में लिपटी राजधानी में हालात इतने बिगड़ गए कि सरकार को बच्चों की सेहत को ध्यान में रखते हुए तुरंत सख्त कदम उठाने पड़े। नतीजतन, स्कूलों से लेकर दफ्तरों तक रोजमर्रा की व्यवस्था पर असर पड़ा और पढ़ाई का तरीका भी बदल गया। दिल्ली में वायु गुणवत्ता गंभीर स्तर पर पहुंचने के बाद शिक्षा निदेशालय ने सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों को हाइब्रिड मोड में कक्षाएं चलाने के निर्देश दिए हैं। यह आदेश कक्षा 1 से 9 और कक्षा 11 के छात्रों पर तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है। इसके तहत स्कूलों को ऑफलाइन पढ़ाई के साथ-साथ ऑनलाइन कक्षाओं की व्यवस्था करनी होगी, ताकि अभिभावक अपनी सुविधा और बच्चों की सेहत के अनुसार विकल्प चुन सकें। नि...