हेमलता कौशिक। नई दिल्ली, जनवरी 7 -- एक निजी स्कूल की गलती की वजह से अधर में लटके 35 छात्रों ने मंगलवार को दिल्ली उच्च न्यायालय के समक्ष अपना भविष्य बचाने की गुहार लगाई। छात्रों की अर्जी सुनने के बाद न्यायालय ने इन्हें तत्काल राहत देने के आदेश दिए। असल में मान्यता समाप्त होने के बाद भी इनके स्कूल ने पढ़ाई जारी रखी थी। बोर्ड परीक्षा नजदीक आने के बाद इन्हें स्कूल के मान्यता समाप्त होने की जानकारी मिली।कोर्ट ने CBSE को दिए निर्देश उच्च न्यायालय ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड(सीबीएसई) को निर्देश दिए कि वह इन बच्चों को 11वीं कक्षा की परीक्षा का हिस्सा बनने की इजाजत दे। दरअसल, ये छात्र पश्चिमी दिल्ली स्थित रिचमंड ग्लोबल स्कूल में 11वीं कक्षा के छात्र हैं। केंद्रीय माध्यिक शिक्षा बोर्ड(सीबीएसई) ने इस स्कूल की मान्यता मार्च 2025 में समाप्त कर द...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.