नई दिल्ली, जनवरी 7 -- दिल्ली की राजधानी में बारिश का पानी जो घरों की छतों से इकट्ठा होकर भूजल को रिचार्ज करने के लिए आता है, वही अब बड़े खतरे का सबब बनता जा रहा है। दिल्ली जल बोर्ड (DJB) ने नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) को एक हैरान करने वाली रिपोर्ट सौंपी है। सितंबर 2025 में द्वारका के कोऑपरेटिव ग्रुप हाउसिंग सोसाइटीज (CGHS) के 144 रेनवाटर हार्वेस्टिंग पिट्स से सैंपल लिए गए, तो 124 पिट्स में फेकल कोलीफॉर्म (मल-जनित बैक्टीरिया) की मौजूदगी पाई गई। यानी ज्यादातर जगहों पर सीवर का गंदा पानी इन पिट्स में मिल रहा है।कहानी 2023 से शुरू हुई, अब खतरा और बढ़ गया ये पूरा मामला फरवरी 2023 से एनजीटी में चल रहा है, जब एक द्वारका निवासी ने शिकायत की कि सोसाइटियों के रेनवाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम गलत तरीके से बने हैं और इससे भूजल प्रदूषित हो रहा है। मई 2023 ...
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