प्रयागराज, जनवरी 5 -- प्रयागराज। खेतों में खरपतवार और कीट किसानों के सामने गंभीर समस्या है। गेहूं, चना और मटर जैसी फसलों में खरपतवार और कीटों के कारण उत्पादन भी प्रभावित होता है। किसानों को इसके समाधान के लिए कृषि विभाग ने उपाय सुझाए हैं। जिला कृषि संपदा अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार ने बताया कि गेहूं की फसल के साथ चौड़ी पत्ती और संकरी पत्ती वाले खरपतवार निकल आते है, ऐसे में किसान सल्फोसल्फ्यूरान दवा को 150 से 200 लीटर पानी में घोलकर प्रति एकड़ छिड़काव कर सकते हैं। खरपतवार की मात्रा अधिक होने पर सल्फोसल्फ्यूरान मिथाइल का मिश्रण करना प्रभावी होता है। यह मिश्रण चौड़ी और संकरी दोनों तरह की पत्तियों वाले खरपतवार को समाप्त करने में कारगर है। नीम के तत्वों का छिड़काव भी लाभदायक फसलों में नीम का घोल, नीम का तेल या नीम की पत्तियों का घोल भी बनाकर छीड़क...