नई दिल्ली, अप्रैल 20 -- यूपी में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले दलित वोटों को लेकर राजनीतिक दलों के बीच घमासान मचा हुआ है। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव जहां लगातार पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) के फॉर्मूले को धार देने में जुटे हैं। कल ही यानी 19 अप्रैल को ही आगरा जाकर राज्यसभा में राणा सांगा पर विवादित बयान देने वाले सांसद रामजीलाल सुमन से मुलाकात कर उन्होंने एक बार फिर सियासी समीकरण साधे। उधर, आंबेडकर जयंती के उपलक्ष्य में 14 से 25 अप्रैल तक भाजपा के कार्यक्रम चल रहे हैं। दलित वोटों की दावेदारी में कांग्रेस भी पीछे नहीं है। नगीना के सांसद चंद्रशेखर की भीम आर्मी भी लगातार सक्रिय है। इन सब गतिविधियों के बीच बसपा सुप्रीमो मायावती ने एक बार फिर अपने सियासी विरोधियों पर हमला बोला है। दलितों के मुख्यधारा से दूर रह ज...
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