नई दिल्ली, अप्रैल 26 -- नई दिल्ली, कार्यालय संवाददाता। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने राजधानी के दक्षिणी रिज क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की धीमी गति पर नाराजगी जताई है। एनजीटी ने कहा कि इलाके से अतिक्रमण हटाने को लेकर अभी तक प्रभावी कदम नहीं उठाए गए हैं। सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि रिज एक महत्वपूर्ण हरित क्षेत्र है, जिसे राजधानी का फेफड़ा माना जाता है। एनजीटी अध्यक्ष न्यायमूर्ति प्रकाश श्रीवास्तव की पीठ ने आदेश में कहा कि उप-वन संरक्षक ने 21 जनवरी को दायर स्थिति रिपोर्ट को रिकार्ड में रखा है। इसमें पांच अप्रैल 2019 तक अतिक्रमण की स्थिति दिखाई गई है, लेकिन प्रगति संतोषजनक नहीं है। चार जुलाई को अगली सुनवाई होगी अदालत ने कहा कि चार्ट में पांच अप्रैल से मौजूदा समय तक किए गए अतिक्रमणों का खुलासा नहीं किया गया है। हालांकि, प्रधान मुख्य वन...
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