गंगापार, अगस्त 17 -- नर्सरी डालने से रोपाई तक धान की खेती के लिए इस वर्ष की बरसात अनुकूल रहा। कुछ समय के अंतराल पर हुई बरसात से धान की फसल लहलहा उठी। बीते गुरुवार से हो रही तेज धूप दो चार दिन और रह गई तो ये धूप किसानों की खुशी पर पानी फेर सकता है। किसानों का मानना है कि धान की फसल के लिए ये धूप कतई उचित नहीं है। सब्जियों की खेती बरसात से तहस नहस हो चुकी है। अब जबकि धान की फसल में बालियां निकलने का समय है ऐसे में दो चार दिन में बरसात नहीं हुई तो फसल और पैदावार दोनों पर विपरीत प्रभाव पड़ने की संभावना बढ़ जाएगी।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.