नई दिल्ली, अप्रैल 21 -- दिल्ली की एक अदालत में हैरान करने वाली घटना हुई। पूरी अदालत उस समय सन्न रह गई जब एक दोषी और उसके वकील ने चेक बाउंस मामले में दोषसिद्धि के बाद महिला ज को धमकाया और गालियां दीं। आरोपी ने अपने पक्ष में फैसला नहीं सुनाने पर जज पर कोई चीज फेंकने की भी कोशिश की। इसके बाद उसने अपने वकील को निर्देश दिया कि वह अपने पक्ष में फैसला सुनाने के लिए हर संभव कोशिश करे। बार एंड बेंच की रिपोर्ट के अनुसार, कोर्ट ने अपने 2 अप्रैल के आदेश में उल्लेख किया है कि आरोपी ने जज को धमकी देते हुए कहा, "तू है क्या चीज... तू बाहर मिल देखता हूं कैसे जिंदा घर जाती है।" न्यायिक मजिस्ट्रेट शिवांगी मंगला ने आरोपी को परक्राम्य लिखत अधिनियम की धारा 138 (चेक बाउंस) के तहत दंडनीय अपराध के लिए दोषी ठहराया था। उसे अगली सुनवाई की तारीख पर धारा 437 ए सीआरपीस...
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