औरंगाबाद, नवम्बर 16 -- कुटुंबा के नवनिर्वाचित विधायक ललन राम का राजनीतिक सफर तीन दशक से अधिक का रहा है। इस दौरान उन्होंने कई दलों में काम किया और विभिन्न जिम्मेदारियां निभाईं। वर्ष 1989-90 में वे सीपीआई की जिला कार्यकारिणी में शामिल हुए। 1991 में जनता दल से जुड़े। 1993 में आदर्श अंबेडकर योजना के जिला प्रतिनिधि बने। 1995-96 में राजद जिला कार्यकारिणी में पहुंचे। 2001 में पहली बार जिला परिषद सदस्य निर्वाचित हुए और 2003 में उपाध्यक्ष बने। इसके बाद 2004 में जदयू में शामिल हुए और 2008 में प्रदेश कमेटी के महासचिव बने। वर्ष 2010 में उन्हें विधानसभा का टिकट मिला और पूर्व मंत्री डॉ. सुरेश पासवान को हराकर वे पहली बार विधायक बने। 2014 में वे महागठबंधन में गए लेकिन 2015 और 2020 में टिकट नहीं मिला। 2020 में उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़ा और 20 हजार से ज्...
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