मुजफ्फरपुर, सितम्बर 6 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। सूबे के डेढ़ करोड़ से अधिक बच्चों के लिए अब अलग-अलग मूल्यांकन पंजी रखी जाएगी। यह पंजी 48 शीट की होगी। कक्षा एक से आठवीं के बच्चों के लिए पहलीबार यह प्रयोग किया जा रहा है। सरकारी स्कूलों में बच्चों का 50-50 अंक का त्रैमासिक, अर्द्धवार्षिक और वार्षिक शैक्षिक मूल्यांकन होगा। पहले और दूसरे त्रैमासिक के साथ अर्द्धवार्षिक परीक्षा के औसत अंक को जोड़कर वार्षिक परीक्षा के कुल प्राप्तांक को मिलाकर वार्षिक रिजल्ट निकाला जाएगा। शैक्षणिक सत्र की समाप्ति के बाद प्रत्येक बच्चे की मूल्यांकन पंजी सुरक्षित रखी जाएगी। राज्य शिक्षा शोध प्रशिक्षण परिषद ने मूल्यांकन पंजी का फॉर्मेट जारी किया है। सभी जिलों को इसका निर्देश दिया गया है। सितम्बर में होनेवाली अर्द्धवार्षिक परीक्षा से ही इसे लागू करना है। स्कूलो...
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