लखनऊ, नवम्बर 12 -- लखनऊ, संवाददाता। गेहूं की बुआई जोरों पर हैं। किसानों को इस समय सबसे अधिक जरूरत डीएपी की होती है लेकिन किसान डीएपी के स्थान पर टीएसपी (ट्रिपल सुपर फास्फेट) का इस्तेमाल कर सकते हैं। डीएपी का वैकल्पिक उर्वरक टीएसपी है और इसके परिणाम भी बहुत अच्छे पाये गए हैं। जिला कृषि अधिकारी तेग बहादुर सिंह ने बताया कि डीएपी की तरह टीएसपी में भी 46 प्रतिशत फॉस्फोरस होता है। फॉस्फोरस से जड़ की अच्छी वृद्धि होती है ओर जड़े मजबूत होती है। अंकुरण बेहतर होता है। नाइट्रोजन के लिए किसान एक बोरा टीएसपी के साथ 10 से 15 किलो यूरिया मिला सकते हैं। क्योंकि टीएसपी में नाइट्रोजन नहीं होता है। उन्होंने बताया कि जिले में टीएसपी सभी जगह मौजूद है। इसका बोरा 1300 रुपए का पड़ रहा है। 25 से 30 दिन बाद गेहूं में पत्तियां आने पर किसान नैनो डीएपी का उपयोग कर सक...