बिजनौर, जुलाई 16 -- डिवीजन बनने के बावजूद यहां बिजली संकट बरकरार है। अधिकारी उपभोक्ताओं की कॉल तक रिसीव करना गवारा नहीं समझते। अफजलगढ़ विद्युत उपकेन्द्र को डिवीजन का दर्जा मिलने के बाद बिजली सम्बन्धी समस्याओं के स्थानीय समाधान की आस जगी थी। लेकिन डिवीजन बनने के बाद हालात बद से बदतर हो गए हैं। खंडीय स्तर के अधिकारी यहां आने से परहेज करते हैं तथा धामपुर में डेरा डाले रहते हैं। उपभोक्ताओं को जरूरी काम के लिए अब भी धामपुर के चक्कर लगाने पड़ते हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि रात के समय बिजली आपूर्ति बाधित होने पर कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचता और न ही किसी अधिकारी द्वारा उपभोक्ताओं की कॉल रिसीव की जाती है। मौहल्ला मियाजी मोखा, मुमताज हुसैन, जैनुलआबेदीन तथा नायक सराय में समस्या बेहद गंभीर हो चुकी है। इन इलाकों में रात 10 बजे के बाद बिजली आपूर्ति ब...
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