जयपुर, अक्टूबर 4 -- जयपुर का सवाई मानसिंह (SMS) हॉस्पिटल राजस्थान ही नहीं, पूरे उत्तर भारत में एक बड़ा मेडिकल सेंटर माना जाता है। यहां शनिवार को इतिहास रच दिया गया, जब पहली बार रोबोट की मदद से किडनी ट्रांसप्लांट किया गया। यह ऑपरेशन न केवल तकनीक के लिहाज से अनोखा था, बल्कि एक मां के त्याग और बेटे के प्रति उसके स्नेह की भी मिसाल बन गया। दरअसल, 71 साल की एक महिला ने अपने 34 वर्षीय बेटे को किडनी दान की। बेटे की दोनों किडनियां हाई ब्लड प्रेशर की वजह से खराब हो चुकी थीं और वह महीनों से डायलिसिस पर था। डॉक्टरों के मुताबिक, समय रहते किडनी ट्रांसप्लांट ही उसकी जिंदगी बचाने का एकमात्र उपाय था। मां ने बिना किसी हिचक अपनी किडनी बेटे को देने का फैसला किया। इस सर्जरी में दो तरह की आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल हुआ। डॉक्टरों ने महिला का ऑपरेशन लैप्रोस्कोपी...
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