नई दिल्ली, जनवरी 22 -- डायबिटीज के मरीजों के लिए अब 'सुई का डर' और रोजाना के इंजेक्शनों की चुभन बीते वक्त की बात होने वाली है। मेडिकल साइंस ने इंसुलिन की दुनिया में 'इनहेल्ड इंसुलिन' (Inhaled Insulin) का विकल्प तलाश लिया है। जो पारंपरिक इंजेक्शन के बोझ को खत्म करके मरीजों को सुई के दर्द से आजादी देने वाला है। फेफड़ों के जरिए सीधे रक्तप्रवाह में पहुंचने वाला यह फॉर्मूलेशन न सिर्फ इंजेक्शन से जुड़ी जीवनशैली की बाधाओं को तोड़ता है, बल्कि पारंपरिक तरीकों के मुकाबले कहीं ज्यादा असरदार भी है। सुई के फोबिया और इंजेक्शन की थकान से जूझ रहे लाखों मरीजों के लिए यह तकनीक एक नई उम्मीद और आसान जीवन का विकल्प बनकर आई है। आइए जानते हैं आखिर क्या है 'इनहेल्ड इंसुलिन' और कैसे करता है काम। यह भी पढ़ें- गर्दन पर परफ्यूम लगाना पड़ सकता है भारी, डॉक्टर ने दी ग...
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