जोधपुर, सितम्बर 29 -- राजस्थान के जोधपुर में साल 2006 में सुरेश शर्मा नामक शख्स की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। 19 साल बाद इस हत्याकांड के तीनों आरोपियों को सुप्रीम कोर्ट से बरी कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट ने इस केस की नींव को कमजोर बताया है। इस तरह आरोपी हेमलता, उसके पति नरपत चौधरी और भंवरसिंह को दोषमुक्त किया गया है। सर्वोच्च अदालत के संदीप मेहता और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने अपने फैसले में कहा- जिस पुलिस जांच के आधार पर पूरी केस की नींव रखी गई, वह न केवल कमजोर थी, बल्कि सबूतों के अभाव में न्यायिक कसौटी पर भी टिक नहीं सकी। अदालत ने कहा- अभियोजन पक्ष की कहानी सिर्फ अंदाजों और अनुमानों पर आधारित थी। उनके समर्थन में कोई ठोस सबूत नहीं थे, जिसे कोर्ट के सामने पेश किया गया हो। आपको बताते चलें कि यह घटना साल 2006 में घटी थी। सुरेश शर्...
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