नई दिल्ली, सितम्बर 8 -- प्रदेश की ट्रांसमिशन लाइनों पर होने वाले खर्च का असर आने वाले वर्षों में बिजली दरों पर पड़ सकता है। सोमवार को राज्य विद्युत नियामक आयोग ने वर्ष 2025-26 के लिए पावर ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन और यूपीएसएलडीसी के टैरिफ जारी कर दिए। अब पावर कॉरपोरेशन ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन को दो से बढ़ाकर 14.5 प्रतिशत लाभांश देगा। इससे पावर कॉरपोरेशन पर तकरीबन 1000 करोड़ रुपये का बोझ आएगा। सूत्रों के मुताबिक कॉरपोरेशन पर पड़ने वाले इस बोझ का असर भविष्य में उपभोक्ताओं के बिजली बिल पर दिख सकता है। नियामक आयोग के अध्यक्ष अरविंद कुमार और सदस्य संजय सिंह द्वारा जारी टैरिफ आदेश में पावर कॉरपोरेशन को कुछ राहत भी दी गई है। अब ट्रांसमिशन का पूरा खर्च अकेले पावर कॉरपोरेशन नहीं उठाएगा। रेलवे और एनपीसीएल जैसी कंपनियों को भी ट्रांसमिशन पर आने वाले खर्च में...
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