नई दिल्ली, अगस्त 28 -- केंद्र सरकार ने अमेरिकी टैरिफ के असर से निपटने के लिए कमर कस ली है। मामले से जुड़े सूत्रों का कहना है कि सरकार का सबसे ज्यादा ध्यान श्रम आधारित उद्योगों पर है, जिनमें वस्त्र, हस्तशिल्प, जेम्स एंड ज्वेलरी जैसे क्षेत्र शामिल हैं। क्योंकि, बढ़े हुए ट्रैरिफ से इन्हीं उद्योगों का कारोबार सबसे ज्यादा प्रभावित हो सकता है। इस संबंध में वाणिज्य मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों और निर्यात संवर्धन परिषदों (ईपीसी) के प्रतिनिधियों के बीच अहम बैठक हुई। बताया जा रहा है कि ऐसे देशों की पहचान की गई है, जिनके साथ भारत कपड़े का निर्यात बढ़ा सकता है। ऐसे में भारतीय उद्योग, निर्यात संवर्धन परिषदें और इन देशों में भारतीय दूतावास निर्यात बढ़ाने की संभावना तलाशेंगे। सरकार उन्हें निर्यात से जुड़े नियमों की जानकारी देने, संबंधित देशों में बड़े ...
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