प्रयागराज, अगस्त 6 -- यूइंग क्रिश्चियन महाविद्यालय में गांधी प्रार्थना समाज और तरुण शांति सेना के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को जीवन के अर्थशास्त्र पर संगोष्ठी आयोजित की गई। तरुण शांति सेना के निर्देशक डॉ. स्वप्निल श्रीवास्तव ने उत्तराखंड के धराड़ी गांव में आई त्रासदी का उल्लेख करते हुए टिकाऊ विकास पर गंभीर प्रश्न खड़े किए। वृक्षों की अंधाधुंध कटाई और प्रकृति के दोहन की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा कि हमें आत्मचिंतन करना होगा कि क्या हम अपने बच्चों को वह जीवन दे पाएंगे, जिसमें शुद्ध वायु और जल सहज रूप से उपलब्ध हो। अर्थशास्त्री एवं समाजकर्मी डॉ. कृष्ण स्वरूप आनंदी ने कहा कि प्रकृति और मनुष्य के सहभाव और उत्पादन की विकेंद्रित प्रणाली भारतीय परंपरा और जीवन दर्शन का मूल है। वर्तमान में जो हायर एंड फायर की व्यवस्था और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (ए...
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