धनबाद, सितम्बर 25 -- राज्य में पेसा कानून की नियमावली तैयार करने को लेकर झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को एक बार फिर सख्त निर्देश दिए हैं। बुधवार को चीफ जस्टिस तरलोक सिंह चौहान और जस्टिस राजेश शंकर की अदालत ने सुनवाई के दौरान नाराजगी जताते हुए कहा कि हम केवल आदेश देते रहेंगे और सरकार सुनती रहेगी, ऐसा नहीं चलेगा। अदालत ने पूर्व में माइनर मिनरल (लघु खनिज) के आवंटन पर रोक हटाने से इनकार कर दिया। अदालत ने सरकार से स्पष्ट कहा कि अगली सुनवाई से पहले पेसा रूल तैयार कर पेश करें। मामले की अगली सुनवाई नौ अक्तूबर को होगी। सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से हस्तक्षेप याचिका दायर कर बालू घाटों की नीलामी आवंटन पर लगी रोक हटाने का आग्रह किया गया। अदालत ने इस पर नौ अक्तूबर को सुनवाई की बात कही। और प्रार्थियों को नोटिस जारी किया। इस संबंध में आदिवासी बुद्धिज...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.