गुमला, दिसम्बर 15 -- घाघरा, प्रतिनिधि। गुमला जिले के घाघरा प्रखंड की सबसे सुदूर और दुर्गम पंचायत दिरगांव के झलकापाट गांव से एक बार फिर विकास की कड़वी सच्चाई सामने आई है। सड़क नहीं होने और समय पर इलाज नहीं मिल पाने के कारण गर्भवती आदिम जनजाति महिला सुकरी कुमारी (पति जगन्नाथ कोरवा) की मौत सदर अस्पताल गुमला में हो गई। इस घटना में महिला के साथ उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की भी जान चली गई। परिजनों और ग्रामीणों के अनुसार रविवार सुबहसुकरी कुमारी की तबीयत अचानक बिगड़ने पर उसे अस्पताल ले जाने की कोशिश शुरू हुई, लेकिन गांव तक सड़क नहीं होने के कारण परिजन उसे बहंगी के सहारे करीब एक किमी दूर काड़ासिली गांव तक लाए। वहां से ममता वाहन के जरिए महिला को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घाघरा पहुंचाया गया। काड़ासिली से घाघरा की दूरी लगभग 30 किमी है। इतने लंबे और ...