लोहरदगा, जनवरी 23 -- लोहरदगा, संवाददाता। वसंत पंचमी का पर्व मां सरस्वती के जन्मदिवस के रूप में मनाया जाता है। मां सरस्वती ज्ञान और कला की देवी हैं। उनके आशीष के बिना इंसान कभी भी तरक्की प्राप्त नहीं कर सकता है। उन्हीं की कृपा से इंसान को सही-गलत का अंतर पता चलता है। इस खास दिन मां सरस्वती की विशेष आरती की गई। इससे भक्त को मां के दूने आशीष की प्राप्ति होती है। इस दिन पूजा का प्रारंभ सरस्वती वंदना से और पूजा का अंत मां सरस्वती की आरती से हुई। लोहरदगा जिले में लगभग ढाई हजार स्थानों पर माता सरस्वती की प्रतिमा स्थापित कर शुक्रवार को पूजा-अर्चना की गई। खासकर स्कूलों, कालेजों, कोचिंग सेंटरों, छात्रों के क्लबों और चौक चौराहों पर माता सरस्वती की प्रतिमा स्थापित कर भक्ति भाव से ज्ञान की देवी सरस्वती की आराधना की गई। इस मौके पर सरस्वती पूजा स्थलों क...
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