कटिहार, फरवरी 22 -- कटिहार, निज प्रतिनिधि राष्ट्रीय जूट विनिर्माण निगम की अधीनस्थ इकाई आरबीएचएम जूट मिल की विवादित भूमि को छोड़ मिल की वास्तविक भूमि बियाडा को हस्तांतरित करने के लिए भारत सरकार से पत्राचार किया गया है। विधान पार्षद अशोक कुमार अग्रवाल द्वारा सदन में इससे संबंधित प्रश्न पूछे जाने पर सरकार ने जानकारी दी। विधान पार्षद ने बताया कि आरबीएचएम जूट मिल भारत सरकार का एक उपक्रम था। जिसकी सारी मशीनें अब नीलम हो चुकी हैं। वर्त्तमान में मिल के भीतर कोई सामान नहीं है। इस प्रश्न के जवाब में सरकार की ओर से कहा गया कि मशीन नीलामी तथा मिल में सामान के सम्बन्ध में राज्य सरकार को कोई सूचना नहीं है। विधान पार्षद ने बताया कि जूट मिल की लगभग 55 एकड़ खाली पड़ी जमीन पर उद्योग की स्थापना की जा सकती है। जिससे जिले की एक बड़ी आबादी को रोजगार का अवसर मिलेगा...