बिजनौर, दिसम्बर 13 -- विशेष अनुसंधान शाखा, राज्यकर विभाग की जांच में जिले में कई बोगस फर्म द्वारा बड़े पैमाने पर फर्जी जीएसटी लेन-देन किए जाने का मामला सामने आया है। विभाग ने शहर कोतवाली में दो फर्जी फर्म के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। जीएसटी के राज्यकर खंड प्रथम के सहायक आयुक्त अभिनव सोनी ने शहर कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा है कि जांच के अनुसार फर्म को 21 अक्तूबर 2019 को जीएसटी पंजीयन मिला था। शिवलोक कॉलोनी, आवास विकास को व्यापार स्थल दर्शाया गया, लेकिन 13 दिसंबर 2019 को हुई भौतिक जांच में वहां फर्म का कोई अस्तित्व नहीं मिला। मकान मालकिन ऊषा देवी और उनके पति अशोक कुमार ने किराये पर दुकान देने से साफ इनकार किया, वहीं अपलोड किया गया किरायानामा भी फर्जी पाया गया। राज्यकर विभाग के मुताबिक फर्म ने 2019-20 में 34.83 करोड़ रुपये की आउटव...