गाजीपुर, जून 11 -- गाजीपुर। अखिल भारतीय साहित्य परिषद की ओर से शास्त्रीनगर में एक सरस काव्य-गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी का शुभारंभ कवि कामेश्वर द्विवेदी की वाणी-वंदना से हुआ। प्रथम काव्याहुति के रूप में युवा कवि डॉ. संजय कुमार पाण्डेय ने अपनी कविता जिन्दगी एक जंग है, हर महफिल में इक रंग है। अन्तिम मंजिल तक उमंग है, पर साथ न जाता कोई संग है। प्रस्तुत कर अतीव प्रशंसा अर्जित की। काव्यपाठ के इसी क्रम में लोकरस में पगे गीतों से रससिक्त करने वाले भोजपुरी एवं हिन्दी के गीतकार हरिशंकर पाण्डेय ने अपना गीत अबकी रण जो जीतेंगे मेरे सैनिक, इंची भर भी जमीन नहीं वापस देंगे। धर्म पूछकर हत्या करने वालों को बहत्तर हूरों से वो फौरन मिलवा देंगे। प्रस्तुत कर ख़ूब तालियां अर्जित की। युवा नवगीतकार डा. अक्षय पाण्डेय ने वर्तमान वैश्विक युद्धरत समय को रेखांकि...
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