गोरखपुर, अगस्त 31 -- गोरखपुर, निज संवाददाता। महाराणा प्रताप पॉलिटेक्निक में महंत दिग्विजयनाथ और महंत अवेद्यनाथ की पुण्यतिथि पर आयोजित दो दिवसीय स्मृति व्याख्यान का समापन शनिवार को हुआ। कार्यक्रम के दूसरे दिन भारत में जल गुणवत्ता प्रबंधन मुद्दे एवं परिप्रेक्ष्य विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि एमएमएमयूटी के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. गोविंद पांडेय ने जल प्रबंधन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पृथ्वी पर उपलब्ध जल का मात्र 2.5 प्रतिशत हिस्सा ही मानव उपयोग के योग्य है, जिसका तेजी से दोहन हो रहा है। यदि यही स्थिति बनी रही तो 2050 तक जल संकट विकराल रूप ले सकता है। उन्होंने जागरूकता और संरक्षण को समय की आवश्यकता बताया। सत्र की शुरुआत अतिथियों ने मां सरस्वती, गुरु गोरक्षनाथ, महंत दिग्विजयनाथ, महंत अवेद्यनाथ एवं महाराणा प्रताप की प्रतिमा प...
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