गुमला, नवम्बर 10 -- चैनपुर। प्रखंड मुख्यालय स्थित चैनपुर उप डाकघर की हालत बेहद जर्जर हो चुकी है। वर्ष 1981 में निर्मित यह भवन अब पूरी तरह जीर्ण-शीर्ण हो गया है। छत से लगातार प्लास्टर और कंक्रीट गिर रहे हैं, जिससे वहां काम करने वाले डाककर्मियों और आने वाले ग्राहकों की जान पर हर वक्त खतरा बना रहता है। उप डाकपाल सह एसओ विनीत टोपनो डाककर्मी राजेश कुमार,कुमार पुष्कर, इंदिमा कुमारी, शेख ईदवा, कमलेश कुमार, रजत कुमार राज और सोहन उरांव ने कहा कि वे रोज अपनी जान जोखिम में डालकर काम कर रहे हैं। ग्राहकों ने भी डाकघर की बदहाल स्थिति पर चिंता जताई है। एक ग्राहक ने कहा कि भवन के अंदर प्रवेश करते समय हमेशा डर बना रहता है कि कहीं छत का प्लास्टर गिर न जाए। रोजाना सैकड़ों लोग यहां अपने कार्यों के लिए आते हैं, जिससे खतरा और बढ़ जाता है। ग्रामीणों और डाककर्मि...