नई दिल्ली, नवम्बर 15 -- बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में लेफ्ट पार्टियों को तगड़ा झटका लगा है। लेफ्ट पार्टियों में कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (ML) (L), सीपीआई(M) और सीपीआई शामिल हैं। इन सभी का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा। 2020 में इन्होंने कुल 16 सीटें जीती थीं, लेकिन इस बार कुल मिलाकर केवल 3 सीटें ही हासिल कीं। माले ने 2 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि सीपीआई(एम) ने एक सीट अपने नाम की। वोट शेयर में भी गिरावट आई, जो महागठबंधन की कमजोरी को दर्शाता है। CPI (ML) (L) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य की चुनाव नतीजों पर प्रतिक्रिया आई है। उन्होंने इसे अस्वाभाविक और समझ से परे बताया। इंडियन एक्सप्रेस को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा, '2010 जैसा फिर से हो गया है। यह वाकई समझना मुश्किल है।' यह भी पढ़ें- बिहार हार के बाद जीरो हो जाएगी RJD? पहली बार राज्यसभा ...
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