बेंगलुरु, नवम्बर 11 -- देश में 14 साल बाद होने वाली जनगणना की तैयारी का पहला चरण सोमवार से शुरू हो गया है। यह चरण एक पूर्व-परीक्षण के रूप में आयोजित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य आगामी जनगणना के लिए विकसित डिजिटल सिस्टम की कार्यक्षमता और विश्वसनीयता का मूल्यांकन करना है। इस दौरान यह परखा जाएगा कि जनगणना के लिए तैयार किया गया सॉफ्टवेयर कैसे काम करता है और खामियां क्या हैं। यह परीक्षण 30 नवंबर तक चलेगा। भारत में पिछली जनगणना 2011 में की गई थी। वर्ष 2021 में निर्धारित अगली जनगणना कोविड-19 महामारी के कारण टल गई थी। अब जनगणना 2027 की दिशा में कदम बढ़ाते हुए, भारत के रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त (RG&CCI) ने 16 अक्टूबर को अधिसूचना जारी कर इस पूर्व-परीक्षण की घोषणा की थी।चुने गए जिले पूर्व-परीक्षण के लिए कर्नाटक राज्य के तीन जिलों को चुना गय...
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