बदायूं, जनवरी 9 -- बदायूं, संवाददाता। बिल्सी सीएचसी पर डिलीवरी को आई प्रसूता के परिवार से डाक्टर व स्टाफ रुपये मांगता रहा। प्रसूता का परिवार गरीबी का हवाला देता रहा और रुपये देने से मना कर दिया तो फिर हीलाहवाली की और फिर उपचार में लापरवाही बरत दी। डिलीवरी के बाद प्रसूता और नवजात दोनों की मौत हो गई। जिसके बाद हंगामा हुआ तो रिश्वतखोरी का मामला खुला। जिस पर डीएम ने नाराजगी जताई है। डीएम की नाराजगी के बाद सीएमओ ने मामले में जांच बैठा दी है। कमेटी बनाकर जांच का आदेश दिया है। मामला बिल्सी सीएचसी का है। कोतवाली क्षेत्र के गांव दिधौनी निवासी हरपाल पुत्र रामधुन की पत्नी कुसुम 39 वर्ष को बुधवार सुबह प्रसव के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर आए थे। महिला का यह छठा बच्चा था। आरोप है कि डिलीवरी के नाम पर तीन हजार रुपये की मांग की गई। रुपये न देने प...