सासाराम, नवम्बर 20 -- डेहरी, एक संवाददाता। शहर के जगजीवन महाविद्यालय में भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितता का मामला अब तूल पकड़ने लगा है। महाविद्यालय में अवैध तरीके से कर्मियों को बहाल कर सरकारी अनुदान राशि घोटाले के मामले में प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश जांच कमेटी की अनुशंसा पर विश्वविद्यालय द्वारा किया गया है। हालांकि अब तक प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई गई है और दोषी महाविद्यालय समिति के लोग व सफेदपोश मामले को मैनेज करने में जुटे हैं। बताया जाता है कि वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय आरा से संबद्ध जगजीवन महाविद्यालय डेहरी के मामले में उच्च न्यायालय पटना द्वारा पारित न्यायदेश, शिक्षा विभाग बिहार सरकार और राजभवन द्वारा निर्गत आदेश के बाद अब कई लोगों की गर्दन फंसती नजर आ रही हैं। पटना उच्च न्यायालय द्वारा पारित न्यायादेश के आलोक में शिक्षा विभाग द्वा...