लखनऊ, फरवरी 15 -- दिव्य सकारात्मक ऊर्जा के स्वरूप गजानन के 38 विविध प्राकृतिक रूपों का अद्भुत दर्शन रविवार कला स्रोत आर्ट गैलरी में हुए। छायाचित्रकार पुनीत कात्यायन ने प्रकृति में स्वतः निर्मित गजानन के विलक्षण स्वरूपों को वृक्षों के तनों पर सूक्ष्म दृष्टि से खोजते हुए 38 छायाचित्रों की विशेष प्रदर्शनी गजानन प्रस्तुत की। उद्घाटन पद्मश्री डा. अनिल रस्तोगी, जय कृष्ण अग्रवाल, अनिल रिसाल सिंह, अमित टँगारी और रजनीश रावत ने किया। वरिष्ठ छायाकार अनिल रिसाल ने कहा कि फोटोग्राफी ने हाल के समय में केवल तकनीकी ही नहीं, सौंदर्यबोध के स्तर पर भी सशक्त विकास किया है। एक पेशे, शौक और रचनात्मक अभिव्यक्ति के माध्यम के रूप में फोटोग्राफी ने दृश्य सृजनशीलता द्वारा मानव प्रगति की कालातीत यात्रा को अंकित किया है। यह विशिष्ट तकनीक और ज्ञान से जुड़ा विज्ञान भी ...