लखनऊ, दिसम्बर 5 -- दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए अब और सख्ती की जाएगी। अभी प्रशिक्षण पूरा करने के बाद छात्र के तीन माह तक नौकरी करने पर प्रशिक्षण देने वाली कंपनी को प्रशिक्षण प्रतिपूर्ति का भुगतान हो रहा है। इसमें आने वाली गड़बड़ी की शिकायतों को देखते हुए अब छह से नौ माह तक नौकरी के बाद इस पैसे को दिया जाएगा। राष्ट्रीय स्तर पर अब दीन दयालय उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना का दूसरा चरण शुरू होगा, जिसमें प्रशिक्षण प्रदाता कंपनी पर सख्ती बढ़ाई जाएगी। यही नहीं छात्र से फर्जी ढंग से वेतन पर्ची तैयार करवाकर उसके आधार पर भुगतान लेने वाली कंपनियों पर शिकंजा कसा जाएगा। उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन नई गाइडलाइन के अनुसार सख्ती करने की तैयारियों में जुट गया है। ग्रामीण गरीब युवाओं को विभिन्न ट्रेड में बेहतर ढंग से प्...