लखनऊ, फरवरी 22 -- यूपी की छह लघु जल विद्युत परियोजनाएं निजी क्षेत्र को 42 साल की लीज पर दी जाएंगी। राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड ने टेंडर फ्लोट कर दिया है और प्रीबिड मीटिंग तीन मार्च को रखी गई है। विद्युत परियोजनाओं को निजी क्षेत्र में दिए जाने का ऑल इंडिया पावर इंजीनियर्स फेडरेशन (एआईपीईएफ) ने विरोध किया है। टेंडर की शर्तों के मुताबिक निजी कंपनियों को 1.5 करोड़ रुपये प्रति मेगावॉट के अग्रिम प्रीमियम पर इन परियोजनाओं का संचालन नियंत्रण 42 वर्षों के लिए दिया जाएगा। छह परियोजनाओं में भोला (2.7 मेगावॉट), सलावा (3 मेगावॉट), निर्गजनी (5 मेगावॉट), चित्तौरा (3 मेगावॉट), पलरा (0.6 मेगावॉट) और सुमेरा (1.5 मेगावॉट) शामिल हैं। सभी परियोजनाएं ऊपरी गंगा नहर पर स्थित हैं और तकरीबन 90 से 97 साल पुरानी हैं। कम दिखाई गई क्षमता परियोजनाओं को निजी क्षे...