बस्तर, अक्टूबर 17 -- छत्तीसगढ़ का बस्तर आज एक ऐतिहासिक पल का गवाह बनने जा रहा है। नक्सलवाद के खिलाफ देश की सबसे बड़ी जंग में 170 माओवादी आज हथियार डालकर मुख्यधारा में शामिल होने को तैयार हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इसे 'लाल गलियारे' से नक्सल प्रभाव को खत्म करने की दिशा में 'मील का पत्थर' करार दिया है।अबुझमढ़ से मुक्ति, दक्षिण बस्तर पर नजर अमित शाह ने एक्स पर लिखा, "अबुझमढ़ और उत्तरी बस्तर, जो कभी आतंक का गढ़ थे, अब नक्सल मुक्त हो चुके हैं। दक्षिण बस्तर में नक्सलवाद का हल्का असर बाकी है, जिसे जल्द ही सुरक्षा बल पूरी तरह मिटा देंगे।" यह सरेंडर समारोह जगदलपुर में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा की मौजूदगी में होगा, जो नक्सलवाद के खिलाफ राज्य के दृढ़ संकल्प को दर्शाता है।माओवादी कमांडरों का सरेंडर इस सरेंडर में...
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