कानपुर, फरवरी 2 -- कानपुर, प्रमुख संवाददाता। बजट ने कानपुर के परंपरागत चमड़ा उद्योग के लिए नई उम्मीदों का रास्ता खोला है। लंबे समय से बढ़ती लागत, निर्यात में गिरावट और अंतरराष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा से जूझ रहे चमड़ा कारोबार को बजट में ऐसी राहत दी गई है, जिसका सीधा असर उत्पादन, रोजगार और कीमतों पर पड़ने की आस है। लेदर उद्योग जगत का मानना है कि आने वाले समय में कानपुर में बनने वाले जूते, बैग और अन्य लेदर उत्पाद न सिर्फ प्रतिस्पर्धी होंगे, बल्कि आम ग्राहकों के लिए सस्ते भी हो सकते हैं। बजट में सरकार ने लेदर और फुटवियर निर्यात से जुड़े कई इनपुट्स को ड्यूटी-फ्री आयात के दायरे में शामिल किया है। कानपुर की टेनरियों और फैक्ट्रियों में इस्तेमाल होने वाला क्रस्ट लेदर, केमिकल्स, सोल, एक्सेसरीज और अन्य सामग्री अब कम लागत में उपलब्ध होगी। इससे उत्पादन खर्...