समस्तीपुर, अगस्त 5 -- घरेलू महिलाएं अब घर की चौखट लांघकर रोजगार की ओर बढ़ रही हैं। घर का काम निपटाकर वे निजी संस्थानों, दुकानों, गोदामों और छोटे अस्पतालों में काम करने लगी हैं। इससे उनके घर में रौनक लौटी है और आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है। लेकिन इन महिलाओं की सबसे बड़ी चिंता स्वास्थ्य और सुरक्षा है। महिलाएं कहती हैं कि रोजगार तो मिल गया, लेकिन कामकाज के दौरान उनका स्वास्थ्य और सुरक्षा भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। ममता देवी, गुड़िया देवी, कुमारी आशा, रितु कुमारी, गौड़ी कुमारी आदि का कहना है कि अगर समय-समय पर निःशुल्क स्वास्थ्य जांच और दवा वितरण वाले हेल्थ कैम्प लगाए जाएं, तो उनकी बड़ी समस्याएं हल हो जाएंगी। लगातार काम करने और घर-परिवार की दोहरी जिम्मेदारी निभाने से कई बार महिलाएं थकावट और बीमारियों का शिकार हो जाती हैं। महिलाएं कहती हैं कि हम रोज...
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