नई दिल्ली, जनवरी 28 -- सुहेल हामिद नई दिल्ली। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के चुनाव चिह्न घड़ी की सुइयां रुक गई हैं। पार्टी के अध्यक्ष और महाराष्ट्र सरकार में उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद धड़कनें तेज हैं। सभी की नजर अब इस बात पर है कि एनसीपी की घड़ी की सुइयां किस तरफ घूमती है और क्या अजित पवार के बगैर एनसीपी का वजूद बरकरार रहेगा। महाराष्ट्र की राजनीति में 'दादा' के नाम से मशहूर अजित अनंतराव पवार का निधन ऐसे वक्त हुआ है, जब प्रदेश की राजनीति में कई समीकरण बन रहे थे। विधानसभा चुनाव में अपने चाचा और गुरु शरद पवार की पार्टी एनसीपी (एसपी) पर भारी पड़ने के बाद स्थानीय निकाय चुनाव में दोनों नजदीक आ रहे थे। राजनीतिक रणनीतिकार मानते हैं कि एनसीपी फिलहाल भाजपा की अगुआई वाली महायुति सरकार में शामिल हैं। ऐसे में, सत्ता में होने की वजह से पार...
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