गंगापार, जुलाई 30 -- शासन द्वारा गोवंशों की सुरक्षा के लिए गांवों में गोवंश आश्रय स्थलों की स्थापना की है। इसके बावजूद विकासखंड शंकरगढ़ के ग्राम पंचायत लखनपुर के मजरा हिनौती पांडे गोवंश आश्रय में बुधवार को ताला लटक रहा है। आश्रय केंद्र का मुख्य गेट बंद मिला और एक भी गोवंश भीतर मौजूद नहीं रहे। स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि सभी गौवंशों को हरा चारा चराने के नाम पर बाहर ले जाया गया है।इस स्थिति ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार द्वारा गोवंशों के भरण-पोषण हेतु प्रतिदिन भूसा, चोकर व हरे चारे की व्यवस्था की जाती है, लेकिन यदि गौवंश लगातार बाहर चरने के लिए भेजे जा रहे हैं, तो आश्रय केंद्र की मूल अवधारणा ही निष्प्रभावी हो जाती है।मामले में जब सहायक विकास अधिकारी पंचायत दशरथ लाल से बात की गई, तो उन्हों...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.