मेरठ, जनवरी 5 -- मेडिकल थाना क्षेत्र में लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाओं के बीच पुलिस की कार्यप्रणाली एक बार फिर सवालों के घेरे में है। 30 दिसंबर की रात के ब्लॉक इलाके में हुई ताबड़तोड़ फायरिंग की सनसनीखेज वारदात को पुलिस ने करीब पांच दिन तक ठंडे बस्ते में डाले रखा। घटना के पांच दिन बाद शनिवार देर रात तब मुकदमा दर्ज किया गया, जब इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों तक पहुंची। जानकारी के अनुसार, कुछ युवक कार से के ब्लॉक पहुंचे और अचानक अंधाधुंध गोलियां बरसानी शुरू कर दीं। गोलियों की आवाज से पूरा इलाका दहल उठा। अगली सुबह जब दुकानदारों ने दुकानें खोलीं तो दुकानों के सामने और कुछ घरों की छतों पर खोखे पड़े मिले। आशा ने बताया कि उनकी दुकान के शटर के पास एक खोखा पड़ा मिला। इसके बाद आसपास के लोग इकट्ठा हुए और घबराकर पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने ...