नई दिल्ली, जून 27 -- बिहार विधानसभा चुनाव से पहले निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूची में गहन पुनरीक्षण के प्रस्ताव का भारी विरोध हो रहा है। सबसे पहले बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इसका विरोध किया था और इसे NRC लागू करने के समान बताया था। उसके बाद तेजस्वी यादव समेत इंडिया गठबंधन के कई नेताओं ने भी चुनाव आयोग के इस फैसले पर सवाल उठाए हैं। अब हैदराबाद से सांसद और AIMIM के नेता असदुद्दीन ओवैसी ने भी इसका विरोध किया है और इसे बिहार के गरीब, पिछड़े लोगों के लिए क्रूर मजाक बताया है। ओवैसी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट कर इस पर अपनी बात रखी। उन्होंने लिखा है, "निर्वाचन आयोग बिहार में गुप्त तरीक़े से एनआरसी लागू कर रहा है। वोटर लिस्ट में नाम दर्ज करवाने के लिए अब हर नागरिक को दस्तावेज़ों के ज़रिए साबित करना होगा कि वह कब और कहाँ प...
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