लखनऊ, जून 20 -- चिड़चिड़ापन, बेचैनी, अवसाद के लक्षणों में वृद्धि सेरोटोनिन और डोपामाइन हार्मोन से समस्या बढ़ी लखनऊ, वरिष्ठ संवादादाता। गर्मी और उमस ने मानसिक रोगियों की परेशानियों में तेजी से इजाफा हो रहा है। मरीजों में दवाओं की डोज बढ़ानी पड़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि हार्मोन में असंतुलन के कारण मानसिक रोगी बेहाल हैं। बलरामपुर अस्पताल के मानसिक रोग विभाग की प्रत्येक ओपीडी में 50 से 60 मरीज गर्मी से प्रभावित होकर आ रहे हैं। गुजरे एक सप्ताह में 250 से अधिक मरीज देखे गए। इन मरीजों में तापमान बढ़ने से चिड़चिड़ापन, बेचैनी, अवसाद के लक्षणों में वृद्धि देखी गई। मानसिक स्वास्थ्य विभाग के अध्यक्ष डॉ. देवाशीष शुक्ला ने बताया कि गर्मी से मानसिक रोगियों के दिमाग में कैमिकल लोचा बढ़ जाता है। अवसाद और चिंता के लक्षण में इजाफा हो सकता है। उन्होंने...