मुजफ्फरपुर, अक्टूबर 19 -- Bihar Election: वर्तमान समय में जीवन की हरेक गतिविधि में आधुनिकता का समावेश होता जा रहा है। नेताओं के चुनाव प्रचार से लेकर रैलियां तक हाइटेक होती जा रही हैं। अधिक भागदौड़ के बीच खुद को स्वस्थ रखने के लिए नेता जी कोई कोर कसर नहीं छोड़ते हैं। वे अपने साथ डायटीशियन से लेकर कुक तक लेकर चलते हैं। लेकिन, पहले चुनाव में ऐसा नहीं था। जनसंपर्क ही प्रचार का एकमात्र साधन होने के कारण उम्मीदवार जहां अपने प्रचार की कमान खुद अपने हाथों में रखते थे। वहीं, उनको अपनी सेहत का ध्यान भी खुद ही रखना पड़ता था। इसकी बानगी वर्ष 1952 में प्रदेश में हुए पहले विधानसभा चुनावों में देखने को मिल गई थी। उस समय जिले के कटरा उत्तरी (अब औराई) विधानसभा क्षेत्र से उम्मीदवार रहे सुप्रसिद्ध साहित्यकार रामबृक्ष बेनीपुरी ने अपनी डायरी में इसका उल्लेख क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.