नई दिल्ली, नवम्बर 25 -- भारत और जापान एक ऐतिहासिक वैज्ञानिक साझेदारी की ओर बढ़ रहे हैं। दोनों देश मिलकर दुनिया के सबसे महत्वाकांक्षी खगोलीय उपकरणों में से एक- थर्टी मीटर टेलिस्कोप (TMT) का निर्माण कर रहे हैं। 30 मीटर के विशाल प्राथमिक दर्पण वाला यह अत्याधुनिक ऑप्टिकल-इन्फ्रारेड टेलिस्कोप ब्रह्मांड की गहराइयों को पहले से कहीं अधिक स्पष्टता से देखने में सक्षम होगा और संभव है कि यह मानव सभ्यता के सबसे बड़े सवाल- क्या हम ब्रह्मांड में अकेले हैं? का जवाब भी दे दे।कैसा होगा यह टेलिस्कोप? एनडीटीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, TMT प्रोजेक्ट भारत, जापान और अमेरिका के दो प्रमुख विश्वविद्यालयों की अंतरराष्ट्रीय साझेदारी में विकसित किया जा रहा है। जापान की कैबिनेट ऑफिस टोक्यो के नेशनल स्पेस पॉलिसी कमेटी के वाइस चेयर डॉ. साकू त्सुनेटा बताते हैं- खगोलविद ब्र...