लखनऊ, दिसम्बर 24 -- लखनऊ, प्रमुख संवाददाता प्राविधिक शिक्षा विभाग की कैग रिपोर्ट में बजट को खर्च करने में लापरवाही का मामला सामने आया है। कुछ पॉलीटेक्निक संस्थानों में कम प्रवेश के कारण फीस से होने वाली आय कम हुई, जिसके कारण संस्थानों का खर्च चलाने के लिए पुनर्विनियोग के माध्यम से धनराशि लेनी पड़ी। यही नहीं अधिक व्यय के कारण भी बजट को बढ़ाना पड़ा। प्राविधिक शिक्षा विभाग को दिए गए बजट में से बची 26.92 करोड़ रुपये की धनराशि उसने वित्त विभाग को वापस नहीं लौटाई । यही नहीं विभाग ने मूल बजट से कम धनराशि खर्चा की। फिर भी अनुपूरक अनुदान की मांग की। 10 करोड़ रुपये का अनुपूरक अनुदान अनावश्यक साबित हुआ। वहीं इलाहाबाद पॉलीटेक्निक प्रयागराज में 12 लाख, एमपी पॉलीटेक्निक गोरखपुर में 2.57 करोड़, प्रेम महाविद्यालय बहुधन्धी संस्था मथुरा में एक करोड़, चंदौल...