नई दिल्ली, जुलाई 30 -- पुरानी दिल्ली की तंग गलियों में इतिहास की सैर करने का अपना ही मजा है। इन गलियों के नाम जितने अनोखे हैं, उतनी ही रोचक उनकी कहानियां। ऐसी ही एक गली है बंदूक वाली गली, जो अजमेरी गेट के पास अपनी ऐतिहासिक पहचान के साथ आज भी खड़ी है। इसका नाम सुनते ही जेहन में सवाल उठता है कि आखिर इस गली का नाम 'बंदूक वाली' क्यों पड़ा? तो चलिए, इस गली की रोचक कहानी को जानते हैं।अंग्रेजों के जमाने की गूंज बंदूक वाली गली का इतिहास हमें ले जाता है ब्रिटिश राज के दौर में। स्थानीय लोगों की मानें तो अंग्रेजों के शासनकाल में इस गली में छोटे-छोटे कारखाने थे, जहां बंदूकें बनाई जाती थीं। ये कारखाने उस समय की जरूरत थे, क्योंकि अंग्रेज अपनी सैन्य ताकत को मजबूत करने के लिए स्थानीय स्तर पर हथियार बनवाते थे। गली में गूंजने वाली हथौड़ों की खटखट और बारूद ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.