मुजफ्फर नगर, सितम्बर 12 -- भारतीय किसान यूनियन शिक्षक प्रकोष्ठ के बैनर तले सैकड़ों शिक्षक राज्यमंत्री कपिल देव के आवास पर पहुंचे। शिक्षकों ने राज्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश और टीईटी परीक्षा की अनिवार्यता समेत अन्य मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की। शिक्षकों ने 2010 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को नौकरी में बने रहने और प्रोन्नति के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण करने की अनिवार्यता का विरोध किया है। पश्चिम उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष रविंद्र सिंह ने कहा कि समय-समय पर शिक्षकों की भर्ती तत्कालीन नियमों व योग्यताओं के आधार पर हुई है, ऐसे में पुराने शिक्षकों पर नई शर्तें लागू करना न केवल अव्यावहारिक है, बल्कि उनके भविष्य को संकट में डालने जैसा है। जिला अध्यक्ष राम रतन बालियान ने कहा कि 2011 से पूर्व की भर्तियों में योग्यता अलग-अल...
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